सूरह Al-Mursalat, आयत 48

77:48

وَإِذَا قِيلَ لَهُمُ ٱرۡكَعُواْ لَا يَرۡكَعُونَ ٤٨

तथा जब उनसे कहा जाता है कि (अल्लाह के आगे) झुको, तो वे नहीं झुकते।

तफ़सीर

और जब इन झुठलाने वालों से कहा जाता है : अल्लाह के लिए नमाज़ पढ़ो, तो वे उसके लिए नमाज़ नहीं पढ़ते।