सूरह An-Nasr النصر

अनुवाद: Hindi Translation - Azizul Haq Al-Omari

بِسۡمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحۡمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ

إِذَا جَآءَ نَصۡرُ ٱللَّهِ وَٱلۡفَتۡحُ ١

(ऐ नबी!) जब अल्लाह की सहायता एवं विजय आ जाए।

وَرَأَيۡتَ ٱلنَّاسَ يَدۡخُلُونَ فِي دِينِ ٱللَّهِ أَفۡوَاجٗا ٢

और आप लोगों को देखें कि वे अल्लाह के धर्म में दल के दल प्रवेश कर रहे हैं।1

فَسَبِّحۡ بِحَمۡدِ رَبِّكَ وَٱسۡتَغۡفِرۡهُۚ إِنَّهُۥ كَانَ تَوَّابَۢا ٣

तो आप अपने पालनहार की प्रशंसा के साथ उसकी पवित्रता का वर्णन करें और उससे क्षमा माँगें, निःसंदेह वह बहुत तौबा क़बूल करने वाला है।2

फ़ुटनोट के नंबर आयत के पेज पर ले जाते हैं, जहां अनुवादक के नोट्स दिए गए हैं।

सवाल-जवाब

सूरह An-Nasr में कितनी आयतें हैं?

सूरह An-Nasr में 3 आयतें हैं। यह क़ुरआन की सूरह नंबर 110 है।

सूरह An-Nasr मक्की है या मदनी?

सूरह An-Nasr एक मदनी सूरह है।

सूरह An-Nasr किस पारे में है?

सूरह An-Nasr पारा 30 में है।

क्या मैं सूरह An-Nasr सुन सकता हूं?

हां। इस पेज के ऊपर चलाएं दबाएं, या किसी भी आयत से शुरू करें। Qabas ऐप में आप इसे ऑफ़लाइन सुनने के लिए डाउनलोड भी कर सकते हैं।