सूरह Al-Qiyamah, आयत 1

75:1

لَآ أُقۡسِمُ بِيَوۡمِ ٱلۡقِيَٰمَةِ ١

मैं क़सम खाता हूँ क़ियामत के दिन1 की।

फ़ुटनोट

1 किसी चीज़ की क़सम खाने का अर्थ होता है, उसका निश्चित् होना। अर्थात प्रलय का होना निश्चित् है।

तफ़सीर

अल्लाह ने क़ियामत के दिन की क़सम खाई है, जिस दिन लोग सर्व संसार के पालनहार के सामने खड़े होंगे।