وَيَقُولُونَ مَتَىٰ هَٰذَا ٱلۡوَعۡدُ إِن كُنتُمۡ صَٰدِقِينَ ٢٩
तथा वे कहते29 हैं : (क़ियामत का) यह वादा कब पूरा होगा, यदि तुम सच्चे हो?
फ़ुटनोट
29 अर्थात उपहास करते हैं।
तफ़सीर
तथा बहुदेववादी लोग उस यातना के लिए, जिससे उन्हें डराया जाता है, जल्दी मचाते हुए आपसे कहते हैं : यातना का यह वादा कब पूरा होगा, यदि तुम अपने इस दावे में सच्चे हो कि वह सत्य है?