सूरह Ibrahim, आयत 43

14:43

مُهۡطِعِينَ مُقۡنِعِي رُءُوسِهِمۡ لَا يَرۡتَدُّ إِلَيۡهِمۡ طَرۡفُهُمۡۖ وَأَفۡـِٔدَتُهُمۡ هَوَآءٞ ٤٣

इस हाल में कि वे तेज़ डौड़ने वाले, अपने सिर को ऊपर उठाने वाले होंगे। उनकी निगाह उनकी ओर नहीं लौटेगी और उनके दिल ख़ाली17 होंगे।

फ़ुटनोट

17 यहाँ अर्बी भाषा का शब्द "हवाअ" प्रयुक्त हुआ है। जिसका एक अर्थ है शून्य (ख़ाली), अर्थात भय के कारण उसे अपनी सुध न होगी।

तफ़सीर

जब लोग क़ब्रों से उठकर पुकारने वाले की ओर तेज़ी से भागेंगे, अपने सिर को उठाए हुए होंगे, वे घबराहट से आकाश की ओर देखेंगे, उनकी निगाहें उनकी ओर नहीं लौटेंगी, बल्कि वे जो कुछ भी देख रही होंगी उसके डर से खुली की खुली रह जाएँगी और उनके दिल ख़ाली होंगे, उस दिन के दृश्य की दहशत से उनमें कोई समझ-बूझ नहीं होगी।