وَٱذۡكُرِ ٱسۡمَ رَبِّكَ بُكۡرَةٗ وَأَصِيلٗا ٢٥
तथा प्रातःकाल और संध्या समय अपने पालनहार का नाम याद करते रहें।
तफ़सीर
और अपने रब को दिन की शुरुआत में फ़ज्र की नमाज़ के ज़रिए और उसके अंतिम भाग में ज़ुहर और अस्र की नमाज़ के ज़रिए याद करते रहें।
وَٱذۡكُرِ ٱسۡمَ رَبِّكَ بُكۡرَةٗ وَأَصِيلٗا ٢٥
तथा प्रातःकाल और संध्या समय अपने पालनहार का नाम याद करते रहें।
और अपने रब को दिन की शुरुआत में फ़ज्र की नमाज़ के ज़रिए और उसके अंतिम भाग में ज़ुहर और अस्र की नमाज़ के ज़रिए याद करते रहें।