सूरह Al-Humazah, आयत 2

104:2

ٱلَّذِي جَمَعَ مَالٗا وَعَدَّدَهُۥ ٢

जिसने धन एकत्र किया और उसे गिन-गिन कर रखा।

तफ़सीर

जिसकी चिंता केवल धन एकत्र करना और उसे गिन-गिनकर रखना है। इसके अलावा उसका किसी और चीज़ से कोई सरोकार नहीं है।