وَقَدِمۡنَآ إِلَىٰ مَا عَمِلُواْ مِنۡ عَمَلٖ فَجَعَلۡنَٰهُ هَبَآءٗ مَّنثُورًا ٢٣
और हम उसकी ओर आएँगे जो उन्होंने कोई भी कर्म किया होगा, तो उसे बिखरी हुई धूल बना देंगे।14
फ़ुटनोट
14 अर्थात ईमान न होने के कारण उनके पुण्य के कार्य व्यर्थ कर दिए जाएँगे।
तफ़सीर
तथा काफ़िरों ने इस दुनिया में नेकी और भलाई के जो कार्य किए होंगे, हम उसकी ओर बढ़कर उसे उनके कुफ़्र के कारण उस बिखरी हुई धूल की तरह अमान्य और बेकार कर देंगे, जिसे देखने वाला खिड़की से अंदर आने वाली सूर्य की किरणों में देखता है।