सूरह Hud, आयत 119

11:119

إِلَّا مَن رَّحِمَ رَبُّكَۚ وَلِذَٰلِكَ خَلَقَهُمۡۗ وَتَمَّتۡ كَلِمَةُ رَبِّكَ لَأَمۡلَأَنَّ جَهَنَّمَ مِنَ ٱلۡجِنَّةِ وَٱلنَّاسِ أَجۡمَعِينَ ١١٩

सिवाय उसके, जिसपर आपका पालनहार दया करे और इसी के लिए उसने उन्हें पैदा किया।45 और आपके पालनहार की बात पूरी हो गई कि मैं नरक को सब जिन्नों तथा इनसानों से अवश्य भर दूँगा।46

फ़ुटनोट

45 अर्थात एक ही सत्धर्म पर सबको कर देता। परंतु उसने प्रत्येक को अपने विचार की स्वतंत्रता दी है कि जिस धर्म या विचार को चाहे अपनाए ताकि प्रलय के दिन सत्धर्म को ग्रहण न करने पर उन्हें यातना का स्वाद चखाया जाए।

46 क्योंकि इस स्वतंत्रता का ग़लत प्रयोग करके अधिकतर लोग सत्धर्म को छोड़ बैठे।

तफ़सीर

परन्तु जिन्हें अल्लाह सीधे मार्ग का सामर्थ्य प्रदानकर उनपर दया करे, तो वे अल्लाह महिमावान के एकेश्वरवाद में विभेद नहीं करेंगे। और इसी विभेद के द्वारा परीक्षण के लिए अल्लाह ने उन्हें पैदा किया है। चुनाँचे उनमें से कुछ अभागे हैं और कुछ भाग्यशाली। और (ऐ रसूल) आपके पालनहार की वह बात पूरी हुई, जिसका निर्णय उसने अनादिकाल में किया था कि वह जहन्नम को जिन्नों और इनसानों में से शैतान के अनुयायियों से भर देगा।