ثُمَّ يَتُوبُ ٱللَّهُ مِنۢ بَعۡدِ ذَٰلِكَ عَلَىٰ مَن يَشَآءُۗ وَٱللَّهُ غَفُورٞ رَّحِيمٞ ٢٧
फिर इसके बाद अल्लाह जिसकी चाहेगा, तौबा क़बूल9 करेगा। और अल्लाह अति क्षमाशील, अत्यंत दयावान है।
फ़ुटनोट
9 अर्थात उसके सत्धर्म इस्लाम को स्वीकार कर लेने के कारण।
तफ़सीर
फिर जो कोई उस यातना के बाद अपने कुफ़्र और गुमराही से तौबा करेगा, तो अल्लाह उसकी तौबा क़बूल करेगा। अल्लाह अपने तौबा करने वाले बंदों की तौबा क़बूल करने वाला, उनपर बहुत दया करने वाला है। क्योंकि वह कुफ़्र और पाप करने के बाद उनकी तौबा क़बूल करता है।