सूरह An-Naba, आयत 37

78:37

رَّبِّ ٱلسَّمَٰوَٰتِ وَٱلۡأَرۡضِ وَمَا بَيۡنَهُمَا ٱلرَّحۡمَٰنِۖ لَا يَمۡلِكُونَ مِنۡهُ خِطَابٗا ٣٧

जो आकाशों और धरती तथा उनके बीच की हर चीज़ का पालनहार है, अत्यंत दयावान् है। उससे बात करने का उन्हें अधिकार नहीं होगा।

तफ़सीर

जो आकाशों और धरती का पालनहार तथा उन दोनों के बीच की समस्त चीज़ों का पालनहार है, जो दुनिया तथा आख़िरत में अत्यंत दयावान् है। धरती या आकाश में मोजूद लोगों में से किसी को भी उससे पूछने का अधिकार नहीं होगा, सिवाय इसके कि वह उन्हें अनुमति प्रदान कर दे।