يُنَبَّؤُاْ ٱلۡإِنسَٰنُ يَوۡمَئِذِۭ بِمَا قَدَّمَ وَأَخَّرَ ١٣
उस दिन इनसान को बताया जाएगा जो उसने आगे भेजा और जो पीछे छोड़ा।5
फ़ुटनोट
5 अर्थात संसार में जो कर्म किया और जो करना चाहिए था, फिर भी नहीं किया।
तफ़सीर
उस दिन इनसान को उसके कर्मों के बारे में सूचित किया जाएगा कि क्या उसने आगे भेजा और क्या उसने पीछे छोड़ा।