لَا تَجۡـَٔرُواْ ٱلۡيَوۡمَۖ إِنَّكُم مِّنَّا لَا تُنصَرُونَ ٦٥
आज मत बिलबिलाओ। निःसंदेह तुम्हें हमारी ओर से कोई सहायता नहीं मिलेगी।
तफ़सीर
तो उन्हें अल्लाह की दया से निराश करते हुए कहा जाएगा : आज मत चिल्लाओ और न मदद माँगो। क्योंकि आज तुम्हारा कोई मददगार नहीं है, जो तुम्हें अल्लाह की यातना से बचा सके।