सूरह Al-Mu'minun, आयत 115

23:115

أَفَحَسِبۡتُمۡ أَنَّمَا خَلَقۡنَٰكُمۡ عَبَثٗا وَأَنَّكُمۡ إِلَيۡنَا لَا تُرۡجَعُونَ ١١٥

तो क्या तुमने समझ रखा था कि हमने तुम्हें उद्देश्यहीन पैदा किया है और यह कि तुम हमारी ओर नहीं लौटाए30 जाओगे?

फ़ुटनोट

30 अर्थात परलोक में।

तफ़सीर

(ऐ लोगों!) क्या तुमने समझ रखा था कि हमने तुम्हें बिना किसी हिकमत के खेल-तमाशे के तौर पर पैदा किया है, और जानवरों की तरह कोई इनाम या सज़ा नहीं है, और यह कि तुम क़ियामत के दिन हिसाब और बदले के लिए हमारी ओर नहीं लौटाए जाओगे?