सूरह Al-Kahf, आयत 67

18:67

قَالَ إِنَّكَ لَن تَسۡتَطِيعَ مَعِيَ صَبۡرٗا ٦٧

उन्होंने कहा : तुम मेरे साथ हरगिज़ धैर्य न रख सकोगे।

तफ़सीर

ख़ज़िर अलैहिस्सलाम ने कहा : तुम मेरे ज्ञान में से जो कुछ देखोगे, उसपर हरगिज़ धैर्य नहीं रख सकोगे, क्योंकि वह तुम्हारे पास मौजूद ज्ञान से मेल नहीं खाएगा।