सूरह Al-Hajj, आयत 47

22:47

وَيَسۡتَعۡجِلُونَكَ بِٱلۡعَذَابِ وَلَن يُخۡلِفَ ٱللَّهُ وَعۡدَهُۥۚ وَإِنَّ يَوۡمًا عِندَ رَبِّكَ كَأَلۡفِ سَنَةٖ مِّمَّا تَعُدُّونَ ٤٧

तथा वे आपसे यातना के बारे में जल्दी मचा रहे हैं और अल्लाह हरगिज़ अपने वचन के विरुद्ध नहीं करेगा। और निःसंदेह आपके पालनहार के यहाँ एक दिन तुम्हारी गणना के अनुसार हज़ार वर्ष के बराबर31 है।

फ़ुटनोट

31 अर्थात वह शीघ्र यातना नहीं देता, पहले अवसर देता है जैसा कि इसके पश्चात् की आयत में बताया जा रहा है।

तफ़सीर

और (ऐ रसूल!) आपकी जाति के काफ़िरों को जब दुनिया एवं आख़िरत की यातना से डराया जाता है, तो उसे जल्दी लाने की माँग करने लगते हैं, हालाँकि अल्लाह ने उनसे जो वादा किया है, वह उसके विरुद्ध हरगिज़ नहीं करेगा। दुनिया की यातना का एक अंश वह पराजय भी है, जिसका सामना उन्हें बद्र के दिन करना पड़ा, और आख़िरत की यातना का एक दिन, कष्टदायक होने के कारण, तुम्हारी दुनिया की गिनती के अनुसार एक हज़ार साल के बराबर है।