सूरह Al-An'am, आयत 95

6:95

۞ إِنَّ ٱللَّهَ فَالِقُ ٱلۡحَبِّ وَٱلنَّوَىٰۖ يُخۡرِجُ ٱلۡحَيَّ مِنَ ٱلۡمَيِّتِ وَمُخۡرِجُ ٱلۡمَيِّتِ مِنَ ٱلۡحَيِّۚ ذَٰلِكُمُ ٱللَّهُۖ فَأَنَّىٰ تُؤۡفَكُونَ ٩٥

निःसंदेह अल्लाह ही दाने तथा गुठलियों को फाड़ने वाला है। वह सजीव को निर्जीव से निकालता है तथा निर्जीव को सजीव से निकालने वाला है। यही अल्लाह है, फिर तुम कहाँ बहकाए जाते हो?

तफ़सीर

निःसंदेह केवल अल्लाह ही है जो दाने को फाड़ता है, तो उससे फसलें निकलती हैं, तथा गुठली को फाड़ता है, तो उससे पेड़ निकलते हैं, जैसे खजूर के पेड़,अंगूर आदि। वह सजीव को निर्जीव से निकालता है; जैसे मनुष्य और बाकी जानदार को वीर्य से निकालता है। तथा निर्जीव को सजीव से निकालता है; जैसे वीर्य को मनुष्य से तथा अंडे को मुर्गी से निकालता है। यह सब जो करता है, वही अल्लाह है जिसने तुम्हें पैदा किया है। फिर (ऐ मुश्रिको!) तुम सत्य से कैसे फेर दिए जाते हो, जबकि तुम अल्लाह की अद्भुत रचना का मुशाहदा करते हो?!