सूरह Az-Zukhruf, आयत 62

43:62

وَلَا يَصُدَّنَّكُمُ ٱلشَّيۡطَٰنُۖ إِنَّهُۥ لَكُمۡ عَدُوّٞ مُّبِينٞ ٦٢

तथा शौतान तुम्हें कदापि रोकने न पाए। निश्चय वह तुम्हारा खुला शत्रु है।

तफ़सीर

और शैतान तुम्हें बहकाकर और प्रलोभन देकर सीधे रास्ते से विचलित न कर दे। निःसंदेह वह तुम्हारा खुला दुश्मन है।