ذَٰلِكَ أَمۡرُ ٱللَّهِ أَنزَلَهُۥٓ إِلَيۡكُمۡۚ وَمَن يَتَّقِ ٱللَّهَ يُكَفِّرۡ عَنۡهُ سَيِّـَٔاتِهِۦ وَيُعۡظِمۡ لَهُۥٓ أَجۡرًا ٥
यह अल्लाह का आदेश है, जिसे उसने तुम्हारी ओर उतारा है। अतः जो अल्लाह से डरेगा5, वह उससे उसकी बुराइयाँ दूर कर देगा तथा उसे बड़ा प्रतिफल प्रदान करेगा।
फ़ुटनोट
5 अर्थात उसके आदेश का पालन करेगा।
तफ़सीर
यह तलाक़, लौटाने और इद्दत के अहकाम जिनका उल्लेख किया गया है, अल्लाह के आदेश हैं, जो उसने (ऐ मोमिनो) तुम्हारी ओर उतारे हैं, ताकि तुम उनपर अमल करो। और जो अल्लाह से, उसके आदेशों का पालन करके और उसकी मना की हुई बातों से बचकर डरेगा, अल्लाह उसके द्वारा किए गए पापों को मिटा देगा और आख़िरत में उसे बड़ा प्रतिफल प्रदान करेगा और वह जन्नत में प्रवेश और उस नेमत की प्राप्ति है, जो कभी ख़त्म न होगी।