وَيَوۡمَ تَقُومُ ٱلسَّاعَةُ يُبۡلِسُ ٱلۡمُجۡرِمُونَ ١٢
और जिस दिन क़ियामत क़ायम होगी, अपराधी निराश5 हो जाएँगे।
फ़ुटनोट
5 अर्थात अपनी मुक्ति से और चकित होकर रह जएँगे।
तफ़सीर
और जिस दिन क़ियामत क़ायम होगी, अपराधी लोग अल्लाह की दया से निराश हो जाएँगे और उसके बारे में उनकी आशा समाप्त हो जाएगी। क्योंकि उनके पास अल्लाह के साथ कुफ़्र करने का कोई तर्क नहीं रह जाएगा।