وَٱلَّذِينَ هُمۡ لِفُرُوجِهِمۡ حَٰفِظُونَ ٥
और जो अपने गुप्तांगों की रक्षा करने वाले हैं।
तफ़सीर
जो अपने गुप्तांगों को व्यभिचार,समलैंगिकता और अश्लीलता से दूर रखकर उनकी रक्षा करने वाले हैं। चुनाँचे वे पवित्र और पाक-बाज़ हैं।
وَٱلَّذِينَ هُمۡ لِفُرُوجِهِمۡ حَٰفِظُونَ ٥
और जो अपने गुप्तांगों की रक्षा करने वाले हैं।
जो अपने गुप्तांगों को व्यभिचार,समलैंगिकता और अश्लीलता से दूर रखकर उनकी रक्षा करने वाले हैं। चुनाँचे वे पवित्र और पाक-बाज़ हैं।