يَهۡدِيٓ إِلَى ٱلرُّشۡدِ فَـَٔامَنَّا بِهِۦۖ وَلَن نُّشۡرِكَ بِرَبِّنَآ أَحَدٗا ٢
जो सीधी राह दिखाता है, तो हम उसपर ईमान ले आए और (अब) हम अपने पालनहार के साथ किसी को कभी साझी नहीं बनाएँगे।
तफ़सीर
यह वाणी जो हमने सुनी है, आस्था (अक़ीदा), कथन और कर्म में शुद्धता (सत्य) को दिखाती है। अतः हम उसपर ईमान ले आए। तथा हम अपने उस पालनहार के साथ, जिसने यह वाणी उतारी है, कदापि किसी को साझा नहीं करेंगे।