सूरह Al-Isra, आयत 105

17:105

وَبِٱلۡحَقِّ أَنزَلۡنَٰهُ وَبِٱلۡحَقِّ نَزَلَۗ وَمَآ أَرۡسَلۡنَٰكَ إِلَّا مُبَشِّرٗا وَنَذِيرٗا ١٠٥

और हमने सत्य ही के साथ इस (क़ुरआन) को उतारा है, तथा यह सत्य ही के साथ उतरा है। और हमने आपको केवल शुभ सूचना देने वाला तथा डराने वाला बनाकर भेजा है।

तफ़सीर

हमने इस क़ुरआन को मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम पर सत्य ही के साथ उतारा है। तथा यह उनपर बिना किसी परिवर्तन या विरूपण के सत्य ही के साथ उतरा है। और हमने (ऐ रसूल!) आपको केवल धर्मपरायण लोगों को जन्नत की शुभ सूचना देने वाला और काफिरों तथा अवज्ञाकारियों को जहन्नम से डराने वाला बनाकर भेजा है।