وَسۡـَٔلۡ مَنۡ أَرۡسَلۡنَا مِن قَبۡلِكَ مِن رُّسُلِنَآ أَجَعَلۡنَا مِن دُونِ ٱلرَّحۡمَٰنِ ءَالِهَةٗ يُعۡبَدُونَ ٤٥
तथा (ऐ नबी!) आप उनसे पूछ लें, जिन्हें हमने आपसे पहले अपने रसूलों में से भेजा, क्या हमने 'रहमान' के अलावा कोई पूज्य बनाए, जिनकी इबादत की जाए?
तफ़सीर
(ऐ रसूल!) आप उन रसूलों से पूछ लें, जिन्हें हमने आपसे पहले भेजा था : क्या हमने रहमान (परम दयालु अल्लाह) के सिवा भी कुछ पूज्य बनाए हैं, जिनकी पूजा की जाए?!