أَوۡ يَذَّكَّرُ فَتَنفَعَهُ ٱلذِّكۡرَىٰٓ ٤
या नसीहत ग्रहण करे, तो वह नसीहत उसे लाभ दे।
तफ़सीर
या वह आपसे सुनने वाले उपदेशों से सीख ग्रहण करे, तो उनसे लाभान्वित हो।
أَوۡ يَذَّكَّرُ فَتَنفَعَهُ ٱلذِّكۡرَىٰٓ ٤
या नसीहत ग्रहण करे, तो वह नसीहत उसे लाभ दे।
या वह आपसे सुनने वाले उपदेशों से सीख ग्रहण करे, तो उनसे लाभान्वित हो।